शासन के आदेश की खुले आम उड़ाई जा रही धज्जियां

दमोह जिले के पथरिया तहसील के स्कूल प्रशासन खुद सरकार बने बैठे बच्चों को नैतिक शिक्षा देने वाले शिक्षक ही सरकारी आदेश की धज्जियां उड़ा रहे है। शासन के निर्देशानुसार समस्त शासकीय मिडिल हाई ओर हायर सेकेंडरी विद्यालयों में प्रतिदिन सम्मानपूर्वक ध्वजारोहण करने के निर्देश दिए गए है ताकि बच्चों में राष्ट्र के प्रति आदर व सम्मान का बीज बोया जा सके। सरकारी आदेश के अनुसार विद्यालयों में रोजाना 10:30 से 04:30 तक ध्वजारोहण के आदेश सरकार ने प्रस्तावित किये है जिन्हें ताक पर रखकर माध्यमिक कन्या शाला में पिछले एक सप्ताह से झंडा नही फहराया गया है एवं स्कूल प्रशासन  सरकारी आदेश को चुनोतियाँ दे रहे है वही जब इस संबंध में स्कूल के हेड मास्टर सीताराम अहिरवाल से बात की गई तो उन्होंने सरकार के आदेश को आड़े हाथों लेते हुए इसे सरकार की मनमानी करार दिया और कहा कि सरकार का क्या कुछ भी अनिवार्य कर सकती है, मेरे यहाँ कोई नियम नही है न में मानता हूँ। इससे साफ जाहिर होता है कि बच्चों को शिक्षा देने वाले ही जब सरकारी आदेशों की इसतरह खुलेआम धज्जियां उड़ा सकते है तो स्कूल में दी जा रही शिक्षा का अंदेशा लगाया जा सकता है। बच्चों के अंदर राष्ट्र प्रेम भरने के उद्देश्य से देश की एकता और अखंडता को मजबूती देने के उद्देश्य से सरकार ने पिछले वर्ष ही आदेश जारी कर समस्त स्कूलों में प्रातः वंदना के पूर्व प्रतिदिन राष्ट्र ध्वज फहराया जाना अनिवार्य किया है लेकिन स्कूल प्रशासन की मनमानी के चलते सरकारी आदेश फाइल में दबे धूल खा रहे है।

क्या कहता है आदेश…

स्कूल विभाग के आदेश क्रमांक एफ 44 23 /2016 /20-2  भोपाल दिनाँक 10/03/2017

प्रदेश के संचालित समस्त माध्यमिक हाईस्कूल एवम हायर सेकेंडरी विद्यालयों में प्रति दिन शाला लगने से पूर्व सम्मान पूर्वक ध्वजारोहण करने के निर्देश दिये गए है।